बिना डिग्री के चल रहे डायग्नोस्टिक सेंटर मरीजों को दे रहे मौत की सौगात

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लखनऊ किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज के बिस्तर पर पड़ी यह महिला जिंदगी मौत की जंग लड़ रही है। इस महिला को मौत के मुंह में पहुंचाने वाला कोई और नहीं धरती के भगवान कहे जाने वाले डॉक्टर हैं। किसी भी मरीज को इलाज की सही दिशा के लिए पहली जरूरत होती है सटीक मेडिकल रिपोर्ट की मर्ज मिल जाए तो डॉक्टर उसे मौत के मुंह से भी खींच लाते है लेकिन यही रिपोर्ट बनाने वाले डॉक्टर जब बगैर किसी डिग्री और अनुभव के रिपोर्टबनाने लग जाएं तो इसे क्या कहा जाएगा।

उत्तर प्रदेश में बगैर डिग्री के डायग्नोस्टिक सेंटरों की भरमार है पर्ची पर न तो डॉक्टर का नाम है न रजिस्ट्रेशन नंबर और न ही पीसीपीएनडीटी एक्ट नंबर मेंशन किया गया है। एमबीबीएस सोनोलॉजिस्ट  की डिग्री धारक ही मेडिकल रिपोर्ट निर्गत करने के हकदार है लेकिन उत्तर प्रदेश में ऐसा हो नहीं रहा है यहां पर पैसा कमाने की हवस ने पैथोलॉजी सेंटरों को इस कदर संवेदन शून्य कर दिया है जो बिना जानकारी के मनमाने तरीके से अपनी रिपोर्ट उजागर कर रहे है।

यहीं से शुरू हो जाता है मरीज की जिंदगी का काउंट डाउन जो उसे धीरे-धीरे मौत के मुंह में पहुंचा देता है। ऐसा ही एक मामला आया है लखनऊ किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज में यहां भदोही की रहने वाली महिला गायत्री देवी ने पेट की तकलीफ बढ़ जाने पर तीन जून 2018 को भदोही डायग्नोस्टिक सेंटर में अल्ट्रासाउंड कराया इलाज भी हुआ लेकिन कोई लाभ नहीं मिला तो भदोही के ही जिया अल्ट्रासाउंड सेंटर से 17 अगस्त 2018 को दोबारा जांच कराई गई रेडियोलॉजिस्ट की डिग्री के बिना फिजिशियन डॉक्टर ने अपनी रिपोर्ट में पित्त की थैली में पथरी होने की बात की लंबा इलाज चला लेकिन नतीजा शून्य रहा।

22 अगस्त  2018 निदान केंद्र भदोही 28 अगस्त 2018 ममता पैथोलॉजी सेंटर भदोही की रिपोर्टों में नेगेटिव दिखाया गया, वहीं चंदन निदान केंद्र ने भी अपनी जांच में गंभीर बीमारी की पुष्टि नहीं की बीमारी की जंग यहीं खत्म नहीं हुई 6 अक्टूबर 2018 को जीवनधारा अस्पताल एंड रिसर्च सेंटर महिला को हेपेटाइटिस से ग्रसित बता कर इलाज के नाम पर पैसे लूटता रहा।

हालत गंभीर होने पर 8 अक्टूबर 2018 को लखनऊ केजीएमयू में जब जांच हुई तो घर वालों के होश उड़ गए रिपोर्ट में गाल ब्लैडर के लाइलाज लास्ट स्टेज कैंसर का खुलासा हुआ महिला के इलाज में लगे डॉक्टरों ने इंसानियत दिखाते हुए मौत के सौदागरो डायग्नोस्टिक सेंटरों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।