आशाराम राम रहीम के बाद अब दाती महराज फंसे बलात्‍कार के आरोप में

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के के रघुवंशी

नई दिल्‍ली। दिल्ली के शनिधाम मंदिर के संस्थापक दाती महाराज असली नाम मदन लाल और उसके दो शिष्यों के खिलाफ 25 वर्षीय युवती ने सामूहिक दुष्कर्म का आरोप लगाया है। पीड़िता आरोपित बाबा की शिष्या रह चुकी है। उसका आरोप है कि दाती महाराज और उसके शिष्यों ने दिल्ली व राजस्थान में स्थित शनि मंदिर के आश्रम में कई बार सामूहिक दुष्कर्म किया। इतना ही नहीं, उसके साथ राजस्थान के पाली स्थित आश्रम में भी सामूहिक दुष्कर्म किया गया।

यहां पर बता दें कि राम रहीम और आसाराम की तरह ही अब दाती महाराज पर भी उसी तरह के गंभीर आरोप लगे हैं। इन तीनों बाबाओं के कृत्यों में कई समानताएं हैं। सबसे पहला तो यही कि तीनों ही मामलों में आश्रम के भीतर ही शिष्याओं (साध्वियों) के साथ दुष्कर्म किया गया। तीनों मामलों में एक नाबालिग थी तो दो युवतियां थीं।

दाती महाराज का मामला सामने आने के बाद देखा जाए तो आसाराम, राम रहीम और दाती महाराज के मामले एक जैसे लग रहे हैं। तीनों ही मामलों में दूसरी सबसे बड़ी समानता तो यही है कि दुष्कर्म के मामलों में बिचौलियों की भूमिका महिलाओं ने निभाई, जो पहले से ही बाबाओं की चेली थीं।हालांकि, दाती महाराज पर युवती से अप्राकृतिक संबंध बनाने का आरोप भी लगा है।

एक और मामले में दाती महाराज का मामला अलग हो जाता है कि बाबा के अलावा, उसके शिष्यों ने भी युवती को अपनी हवस का शिकार बनाया। यह भी कहा जा रहा है कि युवती से सामूहिक दुष्कर्म में दाती महाराज की सहमति थी। सबसे बड़ी बात की तीनों मामलों में पीड़िताओं को जुबान खोलने पर जान से मारने की धमकी दी गई थी, लेकिन सभी पीड़िताओं ने मामला दर्ज कराया।

दो में फैसला चुका है, जबकि दाती महाराज के मामले में गिरफ्तारी होना बाकी है। यहां पर बता दें कि राम रहीम और आसाराम साध्वियों से दुष्कर्म में जेल की सजा काट रहे हैं।